कावड़ियों पर फूल बरसा रही थी यूपी पुलिस और नमाज पढ़ने पर रोक

0 146

उत्तर प्रदेश के नोएडा में पार्के में धार्मिक गतिविधियों और नमाज पढ़ने पर रोक लगाए जाने पर एआईएमआईएम हैदराबाद से सांसद असदुद्दीन ओवैसी (Owaisi) ने पुलिस प्रशासन पर ट्वीट करके हमला बोला है। ये वहीं यूपी पुलिस है जो कांवड़ियों के सत्कार में लगी थी।

औवेसी ने कहा कि कावड़ियों के लिए तमाम इंतजाम किए गए थे और फूलों की बारिश की गई थी। लेकिन सप्ताह में एक  दिन पढ़ी जाने वाली  नमाज  पर रोक लगा दी गई है। हफ्ते  में एक बार की जाने वाली नमाज वास्तव में शांति और सद्भाव को बाधित कर सकती है।

मुसलमानों को नमाज पढ़ने पर भी रोक लगा दी गई है। औवेसी ने कहा कि ये वही यूपी पुलिस है जो कावड़ियों पर फूलों की बारिश करने में लगी थी लेकिन मुसलमानों के साथ भेदभाव किया जा रहा है।

ओवैसी ने ट्वीट करके यूपी पुलिस पर सख्त टिप्पणी

यूपी में नोएडा के एक पार्क में नमाज पढ़ने को लेकर पुलिस ने कंपनियों को नोटिस भेजा था। यह मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है। मंगलवार देर रात ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) के अध्यक्ष और हैदराबाद से सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने ट्वीट करके यूपी पुलिस पर सख्त टिप्पणी की।

ओवैसी ने लिखा है कि यूपी पुलिस कांवड़ियों पर पंखुड़ियों की बौछार करती है और मुसलमानों को नमाज पढ़ने से रोकती है। ओवैसी ने ट्वीट किया, ‘यूपी पुलिस ने वास्तव में कांवड़ियों के लिए पंखुड़ियों की बौछार की, लेकिन सप्ताह में एक बार की जाने वाली नमाज वास्तव में शांति और सद्भाव को बाधित कर सकती है।

यह मुसलमानों को बताया जा रहा है कि आप कुछ भी कर लो, गलती तो आपकी ही होगी।’ इतना ही नहीं ओवैसी ने यह भी लिखा, ‘इसके अलावा, कानून के अनुसार, कोई व्यक्ति कर्मचारी अगर व्यक्तिगत तौर पर कुछ करता है तो इसके लिए किसी बहुराष्ट्रीय कंपनियों को कैसे उत्तरदायी ठहरा जा सकता है?’

पुलिस ने कंपनियों को भेजा है नोटिस

नोएडा पुलिस ने शहर के एक पार्क में नमाज पढ़ने को लेकर कंपनियों को नोटिस भेजा है। इस नोटिस के अनुसार सेक्टर-58 थाना पुलिस ने इंडस्ट्रियल एरिया में स्थित नोएडा अथॉरिटी पार्क में प्रार्थना या धार्मिक आयोजन पर रोक लगा दी है। पुलिस ने इस एरिया में स्थित सभी कंपनियों को नोटिस भेजकर कहा है कि उनका कोई कर्मचारी अगर अथॉरिटी के पार्क में नमाज करता देखा गया तो कंपनी जिम्मेदार होगी और उसपर कार्रवाई की जाएगी।

एसएचओ ने निष्पक्षपूर्ण कार्रवाई की है

इधर, नोएडा के डीएम बीएन सिंह ने कहा है कि एसएचओ पंकज राय ने जो नोटिस दिया है वह सिर्फ नोएडा अथॉरिटी के सेक्टर-58 के पार्कों के लिए है, ना कि पूरे शहर के लिए। एसएचओ ने निष्पक्षपूर्ण कार्रवाई की है, ना कि दुर्भावना के प्रेरित होकर ऐसा किया है। हालांकि जिला प्रशासन ने खुद को इस मामले से अलग कर लिया है। उनका कहना है कि जिला प्रशासन का इस कार्रवाई से कोई लेना-देना नहीं है।

सिटी मैजिस्ट्रेट ऑफिस से इजाजत नहीं दी गई

पुलिस का कहना है कि अगर पार्क में किसी भी तरह का धार्मिक आयोजन करना है तो अथॉरिटी से इजाजत लेनी होगी। नोएडा के एसएसपी अजय पाल ने बताया कि कई लोगों ने पार्क में प्रार्थना की इजाजत मांगी थी, लेकिन सिटी मैजिस्ट्रेट ऑफिस से इजाजत नहीं दी गई। इसके बावजूद लोग वहां पहुंचकर नमाज पढ़ते देखे गए। सभी कंपनियों को नोटिस भेजकर यह जानकारी दे दी गई थी और यह रोक किसी धर्म विशेष के लिए नहीं है।

नोएडा पुलिस का कहना है कि यह कदम इसलिए उठाया गया है ताकि 2019 के लोकसभा चुनावों से पहले किसी तरह का सांप्रदायिक तनाव न पनपे और सौहार्द बना रहे। अजय पाल ने कहा कि पुलिस को उम्मीद है कि सौहार्द कायम रखने में लोग पुलिस का साथ देंगे।

(अन्य खबरों के लिए हमें फेसबुक पर ज्वॉइन करें। आप हमें ट्विटर पर भी फॉलो कर सकते हैं।)

Comments

This website uses cookies to improve your experience. We'll assume you're ok with this, but you can opt-out if you wish. Accept Read More